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मस्क के ‘ओलिगार्क’ तंज से टेलीकॉम शेयरों पर दबाव, रिलायंस इंडस्ट्रीज का शेयर 2.5 प्रतिशत फिसला

Source : business.khaskhabar.com | Oct 08, 2026 | businesskhaskhabar.com Market News Rss Feeds
 telecom stocks under pressure following musks oligarch jibe reliance industries shares slide 25 851529मुंबई। भारतीय शेयर बाजार गुरुवार को गिरावट के साथ बंद हुआ। नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) बेंचमार्क निफ्टी50 की गिरावट में रिलायंस इंडस्ट्रीज का सबसे बड़ा योगदान रहा।  

निफ्टी में करीब 9 प्रतिशत भार रखने वाली रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयर में करीब 2.5 प्रतिशत की गिरावट देखी गई। इससे कंपनी के बाजार पूंजीकरण से अरबों डॉलर की कमी आई। शुरुआती बाजार अनुमानों के अनुसार, इस गिरावट से रिलायंस के चेयरमैन मुकेश अंबानी की व्यक्तिगत संपत्ति में भी 2 अरब डॉलर से अधिक की कमी आई।

यह गिरावट ऐसे समय पर आई जब मस्क ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर आरोप लगाया कि कुछ अज्ञात ‘ओलिगार्क’ (धनाढ्य प्रभावशाली कारोबारी) भारत में स्टारलिंक की एंट्री में बाधा डाल रहे हैं। बाजार में इन टिप्पणियों को व्यापक रूप से भारत की प्रमुख टेलीकॉम कंपनियों की ओर इशारा माना गया।

यह प्रतिक्रिया रिलायंस के लिए ऐसे समय आई है जब कंपनी लंबे समय से प्रतीक्षित जियो की सार्वजनिक लिस्टिंग (आईपीओ) की तैयारी कर रही है। जियो का आईपीओ भारत के सबसे चर्चित आगामी आईपीओ में से एक माना जा रहा है।

निवेशकों को डर है कि भारत में स्टारलिंक की महत्वाकांक्षाओं पर नए सिरे से बढ़ा फोकस ब्रॉडबैंड, सैटेलाइट कनेक्टिविटी और डिजिटल सेवाओं में प्रतिस्पर्धा को और तेज कर सकता है। ये क्षेत्र जियो के लिए लंबे समय में विकास के महत्वपूर्ण स्रोत माने जाते हैं।

स्टारलिंक और जियो को अगली पीढ़ी की कनेक्टिविटी के क्षेत्र में तेजी से संभावित प्रतिद्वंद्वी माना जा रहा है, खासकर ग्रामीण ब्रॉडबैंड, एंटरप्राइज सॉल्यूशंस और सैटेलाइट कम्युनिकेशन में। विश्लेषकों ने कहा कि मस्क की टिप्पणियों ने ऐसे क्षेत्र में अनिश्चितता बढ़ा दी है, जिसे निवेशक अब तक वैश्विक उथल-पुथल से अपेक्षाकृत सुरक्षित मानते थे।

बाजार में आई इस प्रतिक्रिया ने जियो के प्रस्तावित वैल्यूएशन को लेकर बहस भी फिर तेज कर दी है। ब्लूमबर्ग ने पहले रिपोर्ट किया था कि आईपीओ के लिए वैल्यूएशन की उम्मीदों को करीब 140 अरब डॉलर से घटाकर लगभग 114 अरब डॉलर किया गया है, क्योंकि बैंकर निवेशकों की रुचि बढ़ाने की कोशिश कर रहे हैं।

सुनील मित्तल के नेतृत्व वाली कंपनी भारती एयरटेल, जो वनवेब के जरिए सैटेलाइट ब्रॉडबैंड क्षेत्र में भी मौजूद है, का शेयर टेलीकॉम क्षेत्र में व्यापक दबाव के बीच 2.1 प्रतिशत की गिरावट के साथ बंद हुआ। 

रिलायंस के अलावा निफ्टी में गिरावट वाले प्रमुख शेयरों में आईटीसी और इंडिगो भी शामिल रहे। 

--आईएएनएस

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