businesskhaskhabar.com

Business News

Home >> Business

जयपुर मंडी में गेहूं के भाव 3,050 रुपए प्रति क्विंटल पर पहुंचे, सीजन की सबसे ऊंची कीमत

Source : business.khaskhabar.com | Oct 27, 2026 | businesskhaskhabar.com Commodity News Rss Feeds
 wheat prices in jaipur mandi reach rs 3050 per quintal—the highest of the season 856631-ओएमएसएस की दूसरी बिक्री निविदा के बावजूद तेजी जारी, दो महीने में करीब 300 रुपए बढ़े दाम

जयपुर।
स्थानीय थोक मंडियों में इन दिनों गेहूं की कीमतें उछलकर 3050 रुपए प्रति क्विंटल तक पहुंच गई हैं। यह इस सीजन का अब तक का सबसे ऊंचा स्तर है। खास बात ये भी है कि सरकार की ओर से खुला बाजार बिक्री योजना (ओएमएसएस) के तहत दूसरी बिक्री निविदा जारी किए जाने के बावजूद बाजार में गेहूं की तेजी थमने का नाम नहीं ले रही है। जिस दिन सरकार ने ओएमएसएस निविदा की घोषणा की थी, उस दिन भाव 2920 रुपए प्रति क्विंटल थे। तब से लेकर अब तक गेहूं में 130 रुपए प्रति क्विंटल की तेजी आ चुकी है। वीकेआई स्थित मित्तल दलिया के निर्माता मुकुल मित्तल का कहना है कि ओएमएसएस की दूसरी बिक्री निविदा के बावजूद कीमतों में लगातार तेजी यह दर्शाती है कि बाजार में गेहूं की डिमांड मजबूत है तथा उपलब्धता सीमित है। जयपुर मंडी में मिल डिलीवरी दड़ा गेहूं नैट के भाव मंगलवार को 3050 रुपए प्रति क्विंटल पर मजबूत बने हुए थे। दो माह पूर्व से गेहूं के भावों की तुलना करें तो गेहूं में करीब 300 रुपए प्रति क्विंटल बढ़ चुके हैं।

तेजी का कारण

ओएमएसएस की बिक्री में देरी के चलते निजी व्यापारियों और स्टॉकिस्टों के पास मौजूद गेहूं की मात्रा धीरे-धीरे कम होती चली गई। पिछले साल निजी क्षेत्र में गेहूं की मिल्कियत अच्छी थी, लेकिन बीते सीजन में सरकारी खरीद अधिक होने के कारण अब खुले बाजार यानी निजी क्षेत्र में गेहूं की उपलब्धता घट गई है।

बंग्लादेश से निर्यात मांग भी आ रही है। काला सागर क्षेत्र में चल रही स्थिति के कारण वैश्विक स्तर पर गेहूं की सही सप्लाई नहीं मिल रही है। हालांकि सरकार के पास केन्द्रीय पूल में गेहूं का स्टॉक बहुत अच्छा और आरामदायक स्थिति में है। 

[@ सेल्फ़ी का ऎसा पागलपन देख दंग रह जाएंगे...]


[@ झूठ बोलने से नहीं मिलेगा इन कार्यो का फल]


[@ सास को दामाद से हुआ इश्क, शादी करती लेकिन...]